सीवर एक खतरनाक जगह है – Dilip C Mandal

कश्मीर में हमारी लगभग एक तिहाई सेना तैनात है. सरकारी आंकड़ा है कि 2016 में वहां 60 सुरक्षाकर्मी देश की रक्षा करते हुए मारे गए, जो हाल के वर्षों का सबसे बड़ा आंकड़ा है. कश्मीर एक खतरनाक जगह है. लेकिन इसी भारत में एक जगह कश्मीर से भी खतरनाक है. वह जगह है सीवर. इनकी सफाई करते हुए एक साल में 22,327 भारतीय नागरिक मारे … Continue reading सीवर एक खतरनाक जगह है – Dilip C Mandal

गांधी और अंबेडकर के एक होने का वक्त आ गया है – Rakesh Kayasth

इतिहास के कुछ कालखंड निर्णायक होते हैं। हम एक ऐसे ही निर्णायक कालखंड में दाखिल हो चुके हैं। यह समय बीसवीं सदी के दो सबसे प्रखर बौद्धिक विचारों के एक होने का है। वो विचार जिन्हे हमेशा दो अलग ध्रुव माना गया और दोनो अलग-अलग रहे भी। ये विचार हैं, गांधीवाद  और अंबेडकरवाद। तीस के दशक में गांधी और अंबेडकर के बीच गहरा वैचारिक और … Continue reading गांधी और अंबेडकर के एक होने का वक्त आ गया है – Rakesh Kayasth

कम्पनियों की दलाली के लिये राष्ट्रवाद का नाटक हम नहीं चलने देंगे-Himanshu Kumar

नजीब को पीटने और गायब करने के आरोपी एबीवीपी के लड़कों की पैरवी करने के लिये वकीलों की फर्म लूथरा एण्ड लूथरा ला कंपनी को लगाया गया है, इस कंपनी के वकील भारत के सबसे मंहगे वकील होते हैं, अरुण जेटली साहब व्यक्तिगत रूप से नजीब केस के आरोपियों को बचाने की कार्यवाही की नियमित देखरेख कर रहे हैं, रामजस कालेज में प्रोफेसरों और लड़कियों … Continue reading कम्पनियों की दलाली के लिये राष्ट्रवाद का नाटक हम नहीं चलने देंगे-Himanshu Kumar

“I am Dominant” – Dontha Prashanth

Someone dubbed me dominant, am I not??? Indeed I am… Dominant in confronting caste since childhood Dominant in confronting inferiority for lacking in English Dominant in speaking butler English as an aspiration to learn English Dominant in challenging the stereotypes that Dalits cannot speak English Dominant in articulating our experience which is othered as seeking identity Dominant in sloganeering Jai Bhim and not Jai Bhim … Continue reading “I am Dominant” – Dontha Prashanth

Pushing Out the Rohiths and Najeebs from our universities: What it entails for us? – Umar Khalid

Pushing Out the Rohiths and Najeebs from our universities: What it entails for us? On the first day of Najeeb’s disappearance when I first met Fatima Nafeez (Najeeb’s mother), one of the first things she told me was that she would take her son back to Badaun the moment she finds him. I did not tell her that day that discontinuing education in JNU is … Continue reading Pushing Out the Rohiths and Najeebs from our universities: What it entails for us? – Umar Khalid

दर्द का रिश्ता – Dilip Mandal

दर्द का रिश्ता। आज पहली बार एक मंच पर आईं रोहित वेमुला की माँ राधिका वेमुला और डेल्टा मेघवाल के पिता महेंद्र मेघवाल। दोनों की आँखों में आज मैंने तकलीफ़ का समुंदर देखा। दोनों ने कहा कि एक ऐसा भारत चाहते हैं, जिसमें किसी छात्र को रोहित या डेल्टा न बनना पड़ा। मौक़ा था आज हरियाणा में DASFI के पाँचवे राष्ट्रीय अधिवेशन का। इन दोनों … Continue reading दर्द का रिश्ता – Dilip Mandal

Power to “Bharat Ki Mata nahee Banengey!” #PinjraTod – Rukmini Sen

Bharat Ki Mata nahee Banengey!#PinjraTod Why did the girl students in Delhi scream “Bharat Ki Maata Nahee banengey” ? Lets try understanding what do people mean by Bharat Mata. Who is Bharat Mata ? Is it the land that you call Bharat Mata? Is it the women of the land you call Bharat Mata? Who do you worship? the land? the women of the land? … Continue reading Power to “Bharat Ki Mata nahee Banengey!” #PinjraTod – Rukmini Sen