यदि देश की सुरक्षा यही होती है-पाश #NOCAA

यदि देश की सुरक्षा यही होती हैकि बिना जमीर होना ज़िन्दगी के लिए शर्त बन जाएआँख की पुतली में हाँ के सिवाय कोई भी शब्दअश्लील होऔर मन बदकार पलों के सामने दण्डवत झुका रहेतो हमें देश की सुरक्षा से ख़तरा है । हम तो देश को समझे थे घर-जैसी पवित्र चीज़जिसमें उमस नहीं होतीआदमी बरसते मेंह की गूँज की तरह गलियों में बहता हैगेहूँ की … Continue reading यदि देश की सुरक्षा यही होती है-पाश #NOCAA

सांझी शाहदत सांझी विरासत

अवतार सिंह पाश की याद में ! “नौजवानों जो तबियत में तुम्हारी खटके, याद कर लेना हम को भी भूले भटके” ….. बिस्मिल की ये पंक्तियाँ आज (23 मार्च, शहादत दिवस) से बहुत याद आ रही हैं. सिर्फ इसलिए नहीं कि वो भगत सिंह का शहादत दिवस था. भगत सिंह को तो सबने अपने अपने ढंग से याद किया ही. चाहे वो मुख्यधारा की पार्टियाँ … Continue reading सांझी शाहदत सांझी विरासत